Thursday, March 05, 2015

60 से 80% पुलिस व सरकारी मुलाजम पीते हैं शराब--बेलन ब्रिगेड

महिला दिवस  पर 8  मार्च से  तेज़ होगा शराब के खिलाफ जन आंदोलन
लुधियाना: 5 मार्च 2015 (पंजाब स्क्रीन ब्यूरो):
चुनावों के दौरान नशे के खिलाफ अभियान से चर्चा में आये बेलन ब्रिगेड ने अब अकाली दल और भारतीय जनता पार्टी के साथ साथ पुलिस और अन्य सरकारी मुलाज़िमों को भी अपने निशाने पर रख लिया है। ब्रिगेड ने कहा है कि पुलिस व अन्य सरकारी विभागों के 60 से 80 फीसदी मुलाज़िम शराब पीते हैं। बेलन ब्रिगेड ने आज स्थानीय बसन्त रिजॉर्ट मे बाकायदा एक प्रेस कॉन्फ्रेंस का आयोजन करके शराब  पर अपने सवाल दोहराये। ब्रिगेड ने कहा कि पंजाब सरकार द्धारा गली मौहल्लों में खोले जा रहे शराब के ठेकों के खिलाफ  महिला दिवस पर  8  मार्च  से 31  मार्च तक नए मोर्चे जाएंगे। इस नए अभियान में शहर के सभी राजनैतिक, सामाजिक  धार्मिक लोगों  का  शराब जैसे  नशे के खिलाफ  क्या नजरिया है इस पर पर चर्चा भी की जाएगी। 
इस अवसर पर बेलन ब्रिगेड की राष्ट्रीय प्रधान आर्किटेक्ट  अनीता शर्मा ने कहा कि हमारी संस्था पिछले साल से नशो  के खिलाफ आंदोलन चला रही है आज नशो के कारण  महिलाएं मुख्य रूप  से पीडि़त है  जब तक  महिलाएं समाज में पुरषो के बराबर अपने अधिकार हासिल नहीं करती और सरकार  खुले-आम बिकने वाले  शराब जैसे  नशे पर  रोक नहीं   लगाती  तब तक महिलाएं  अपने  आप को  सूरक्षित  मह्सूस  नहीं  कर  सकती।  अनीता शर्मा  ने  कहा  कि  स्मैक  हीरोइन जैसे नशे कहाँ से आते हैं कौन  बेचता है आज तक कोई पता नहीं चला लेकिन  शराब भी  एक नशा है जो इंसान को अन्दर से खोखला कर देता है।  शराब के एसिड से इंसान के फेफड़े, जिगर व  गुर्दे काम करना बंद कर देते है और एक वक्त आता है कि शराब पीने वाला शराब के बिना जी नहीं सकता और अंत में शराब उसे मौत के मुँह में ले जाती है।   हर कोई जानता  है कि मजदूर लोग दिन भर की थकान, घरेलू परेशानिया  समस्यायों से छुटकारा पाने व  अपने ग़मों को भूलाने के लिए शराब पीते हैं।   नतीजा यह है कि हर आदमी  महंगाई भृष्टाचार, बेइमानी, घरेलू परेशानियों से दुखी है और  जनता  के इस दु:ख को मिटाने  के लिए सरकार ने हर गली के मोड़ पर शराब के ठेके खोल दिए है यहाँ पर इंसान शराब पी- पीकर अपने गमो व  दुखो को कम  करते करते खुद ही दुनिया से  विदा हो जाता है ।   आज कल  60 से 80  प्रतिशत पुलिस व सरकारी मुलाजम रात को शराब का सेवन करते है जिससे भृष्टाचार को बढ़ावा मिल रहा है ढ्ढ  पंजाब सरकार ने व्यापार व उद्दोग राज्य  में खत्म कर दिया है अब  गरीब लोगो को  अकाली भाजपा  सरकार शराब पिला पिला कर उनकी जिन्दगी बर्बाद करके, शराब के टैक्स से सरकार चला रही है।
बेलन ब्रिगेड ने पंजाब सरकार से मांग की है कि शराब के ठेको में  20 से  25  प्रतिशत हर साल कमी की जाये।  सुबह नौकरी के  वक्त रजिस्टर में  हाजरी  लगाते  समय सरकारी मुलाजमो को एल्कोमीटर से चैक किया जाए । सरकार महीने में दो बार वेतन देने की तारीख तय करे और उस दिन ठेके बंद रखे जाये ढ्ढ
जिस इलाके  ठेका खोला जाये वहां  के 60 प्रतिशत लोगो की  सहमति ली जाए ढ्ढ
जिस प्रकार  रेजिडेंशियल,  कमर्शियल व  फैक्टरी एरिया टाउन  प्लानिंग  में होता है उसी प्रकार  शराब का ठेको का  भी एरिया  होना चाहिए और  शराब के ठेके  घरेलू आबादी से दूर खोले जाये ढ्ढ
सरकार शराब के ठेको की गिणती  के मुताबिक लोगो को मेडीकल  सुविधा देने के लिए उतने  ही मेडीकल  क्लीनिक व  अस्पताळ भी  गली  मोहल्लो  में खोले।  
शराब पीकर गाड़ी चलने वालो का लाइसेंस रद्द किया जाये
हैल्थ  डिपार्टमेंट शराब के ठेको पर जाकर शराब की क्वालिटी की जांच करे और शराब की बोतल के रैपर  पर  80 त्न जगह पर पंजाबी व हिन्दी भाषा में लिखा जाए की इस शराब की बोतल में कितने प्रतिशत अल्कोहल है और इसकी  कितनी मात्रा पीने से इन्सान को ब्लड प्रेसर, शुगर, लीवर व जिगर की बीमारी होगी। 
जो लोग छोटी उम्र में शराब पीना शूरू कर देते है  और 50 -60 साल  की उम्र तक  शराब व  नशा  उनकी जीवनलीला को खत्म कर देता है यही कारण है कि आज भारत में प्रौढ़ लोगो की गिनती कम है और  नौजवानो की संख्या ज्यादा है।
अनीता शर्मा ने कहा कि यह शराब के ठेको के खिलाफ आंदोलन 31 मार्च तक जारी रहेगा और पंजाब  सरकार  का  बहाना  की हीरोइन  स्मैक  पाकिस्तान  से आती है।  शराब कहां से आती  है हर  कोई जानता है।   अब  यह बहाना  नहीं  चलेगा  और सरकार को जनता की भलाई के लिए यह  बताना  होगा  की  किस किस  शराब  के  कारखाने  से कितनी कितनी  शराब  हर रोज गली  मोहल्लो में चल रहे शराब  के  ठेको  पर परोसी जाती  है।
इस अवसर पर   शिम्मी पशान  चेयरमैन वूमेन हेल्पलाइन, रीतू अरोड़ा प्रेजिडेंट लक्ष्मी लेडीज क्लब, नीरू वर्मा, मोनिका वोहरा, नीरू मित्तल, शैली मुंजाल , शोभा वशिष्ठ, आशू अरोड़ा, जगजीत कुमारी इन्चार्ज नवांशहर बेलन ब्रिगेड आदर्श पाल विन्नी सरपंच हुसैनपुरा, नीरा शर्मा चेयरपर्सन ऐस्ट्रो क्लब इंडिया, ममता अग्रवाल,  , डिम्पल एम डी ओसवाल हौजरी फैक्टरी,  मोनिका  भल्ला , ज्योति शर्मा व  अन्य भी मौज़ूद थे।
इसी बीच वहां मौजूद मेहमानों में से कुछ लोगों को यह कहते भी सुना गया की शराब का सेवन तो महिला वर्ग भी करता है उसे  रोकेगा?

Sunday, March 01, 2015

आनंद मार्ग स्कूल में बहुत ही उत्साह से हुआ वार्षिक उत्सव

 बाबा का ही चमत्कार था भविष्वाणी के बावजूद नहीं हुयी बारिश 
लुधियाना: 28 फ़रवरी 2015: (कार्तिका सिंह//दिलजोत कौर//पंजाब स्क्रीन):
आनंद मार्ग स्कूल न्यू कुंदनपुरी स्कूल का वार्षिक कार्यक्रम घोषित हो चुका था। शाम को सारा आयोजन होना था। स्कूल के बच्चे और प्रबंधक सभी समय पर पहुँच रहे थे पर साथ ही एक चिंता सी सभी के चेहरे पर थी। मौसम की भविष्यवाणी थी कि आज अर्थात 28 फ़रवरी शनिवार की शाम को सात बजे ज़ोरदार बरसात होगी। शाम होते होते सचमुच मौसम खराब होने लगा। आंधी चलने लगी पर इसके बावजूद न तो स्कूल के आचार्य घबरा रहे थे न ही टीचर और न ही बच्चे।  विश्वास के साथ अपनी अपनी आइटम तैयार करने में लगे थे। प्रबंधकों में चिंता बढ़ रही थी की आखिर इस तरह कार्यक्रम कैसे होगा?
सात बजते ही अंधी थम गयी। मौसम सुहावना हो गया। आधी रात के बाद कहीं जाकर बरसात हुयी। यह शायद बाबा का ही एक चमत्कार था। कार्यक्रम शुरू हुआ। रंगबरंगी पोशाकों में बने ठने बच्चे सा माहौल बना रहे थे। शुरुआत हुयी वेलकम  गीत के साथ।  उसके बाद राजस्थान के घूमर और पंजाब के भांगड़े ने सभी को एक तक देखने पर मजबूर कर दिया। घूमर प्रस्तुत करने वाली लड़की ने तो कमाल ही कर दिया। बड़ी सी थाली पर डांस कर सकना किसी आम कलाकार के बस का नहीं होता।
आप भी देखिये ज़रा एक झलक।
 इसी तरह लब पे आती है  दुया बन के …… गीत पर आधारित कार्यक्रम बहुत लोकप्रिय हुआ।
इसी स्कूल में सक्रिय और इन बच्चों को कोरियोग्राफी सीखा रहे इनके आर्यन सर ने भी अपना कार्यक्रम प्रस्तुत किया।
कला और मार्ग में  को किसी ऊंचे जीवन की  रहे बच्चे एक से बढ़ कर  प्रस्तुत कर रहे थे। इसी स्कूल में सक्रिय  बच्ची नेरंगीला ग कर तो सभी रंग एक साथ प्रस्तुत कर दिए। श्रोता लोग मग्न हो चुके थे।
बच्चों को पुरस्कार देने की औपचारिकता स्थानीय भुक्ति कमेटी के प्रधान अशोक चावला और बेलन ब्रिगेड प्रमुख अनीता शर्मा और शोभा वशिष्ठ ने निभायी। मास्टर सुरेन्द्र, बिन्देश्वरी दादा, मुकेश दादा, रुपेश दादा और अन्य लोगों ने आचार्य न्यायमित्र  निर्देशन में अपना अपना कर्तव्य निभाया।